समाज में बदलाव की कथा और एक सवाल

पाक्षिक ब्लॉग नमिता सिंह की कलम से…. समाज में बदलाव की कथा और एक सवाल          लेखिका रीता दास राम की पहचान मूलत: एक संवेदनशील कवयित्री...

मछली का मायका

पंजाबी और हिंदी दोनों में समानाधिकार से लिखने वाले कथाकार गुलबीर सिंह भाटिया की कहानियाँ मानवीय रिश्तों की, आम ज़िंदगी की छोटी-बड़ी किन्तु गहरा प्रभाव डालने वाली उलझनों और...

वॉन गॉग का कान

देश की विभिन्न गंभीर समस्याओं, देश के विकास की राह और सामाजिक विडंबनाओं पर चिंतन व विमर्श के लिए, दिशा दर्शन के लिए कलाकार का, लेखक का कोई दायित्व...

जादू

प्रकृति जब अपने विराट् रूप में खुलती है, तब दरअसल मन के भीतर के रहस्यों के खुलने की घटना होती है। कथा साहित्य में पहचान बना रहीं शशि खरे...

सज़ा

लोकरंग की लघुकथा पंकज निनाद की कलम से…. सज़ा              जबसे उसने होश संभाला था, वो तीन सरकारें बदलते देख चुका था। सब कुछ...

‘हंगल साहब…’ अपने ही अंदाज़ की कहानियां

पाक्षिक ब्लॉग नमिता सिंह की कलम से…. ‘हंगल साहब…’ अपने ही अंदाज़ की कहानियां             हरि मृदुल का कथा संग्रह ‘हंगल साहब ज़रा हंस...

तिड़ककर टूटना

कहानी सूक्ष्म संवेदनशीलता और अभूतपूर्व चित्रात्मकता के कारण प्रभावित करती है। सृजन करने की नैसर्गिक चाह एवं अभिव्यक्ति की इच्छा मिलकर स्वरा के रूप में लेखिका के अंतर्मन से...

हमज़मीन: व्यवस्था के अंतर्विरोध और प्रतिरोध की कहानियां

नमिता सिंह की कलम से…. हमज़मीन: व्यवस्था के अंतर्विरोध और प्रतिरोध की कहानियां               अवधेश प्रीत एक वरिष्ठ और प्रतिष्ठित कथाकार हैं। लंबे...
error: Content is protected !!