March 20, 2026 आब-ओ-हवा सिनेमा ऑस्कर न पा सकी ‘फ़िलीस्तीन-36’ क्या कहती है? बियॉण्ड द रिव्यू भवेश दिलशाद की कलम से…. ऑस्कर न पा सकी ‘फ़िलीस्तीन-36’ क्या कहती है? फ़िलीस्तीनी ग्रामीणों को क़ैदी बनाकर जिस बस... Continue Reading
March 18, 2026 आब-ओ-हवा किताब विश्वास होता है, बच्चे गुनगुनाएंगे ये कविताएं पुस्तक चर्चा तीन समीक्षकों की कलम से… विश्वास होता है, बच्चे गुनगुनाएंगे ये कविताएं मनोज जैन ‘मधुर’ मूल रूप से गीतकार हैं। उनके... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा हम बोलेंगे तो क्या शांति बिल्कुल असंभव है? पाक्षिक ब्लॉग भवेश दिलशाद की कलम से…. तो क्या शांति बिल्कुल असंभव है? राष्ट्रगीत में भला कौन वह भारत-भाग्य विधाता... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा बियॉण्ड द ब्रेन क्या संकट में है हमारी एआई सम्प्रभुता? पाक्षिक ब्लॉग ए. जयजीत की कलम से…. क्या संकट में है हमारी एआई सम्प्रभुता? पहले यूक्रेन, फिर वेनेज़ुएला और अब ईरान। साम्राज्यवादी महाशक्तियों को... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा तत्वान्वेषण आधुनिक युद्ध और कराहता पर्यावरण पाक्षिक ब्लॉग विवेक रंजन श्रीवास्तव की कलम से…. आधुनिक युद्ध और कराहता पर्यावरण प्राचीन काल के युद्धों की स्मृति मात्र ही हमें... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा ग़ज़ल: लौ और धुआं आंखें छीनकर तो रोशनी न दिखायी जाये पाक्षिक ब्लॉग आशीष दशोत्तर की कलम से…. आंखें छीनकर तो रोशनी न दिखायी जाये हिंदुस्तानी परिप्रेक्ष्य में मज़हबी जलसे इस तरह होते हैं जैसे हम हर दिन उठते हैं... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा कला कोलाज लोककला में क्या कुछ नया होता ही नहीं? पाक्षिक ब्लॉग शम्पा शाह की कलम से…. लोककला में क्या कुछ नया होता ही नहीं? पिछली कड़ी में हमने कलावंत कुम्हार कालीपद जी के उस प्रसंग... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा चींटी के पर बाज़ारों से पहाड़ों तक ‘बर्गन’ के रंग पाक्षिक ब्लॉग रति सक्सेना की कलम से…. बाज़ारों से पहाड़ों तक ‘बर्गन’ के रंग बर्गन, नॉर्वे के दक्षिण में बसा छोटा-सा प्रान्त है। ओदवे... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा क़िस्सागोई समाज में बदलाव की कथा और एक सवाल पाक्षिक ब्लॉग नमिता सिंह की कलम से…. समाज में बदलाव की कथा और एक सवाल लेखिका रीता दास राम की पहचान मूलत: एक संवेदनशील कवयित्री... Continue Reading
March 15, 2026 आब-ओ-हवा Truth in हेल्थ बदलती परिभाषा! प्रश्न करना विज्ञान-विरोध नहीं पाक्षिक ब्लॉग डॉ. आलोक त्रिपाठी की कलम से…. बदलती परिभाषा! प्रश्न करना विज्ञान-विरोध नहीं जो शुरूआत बेहतर पहचान (detection) से हुई थी, वह धीरे-धीरे... Continue Reading