भारत से लाये पत्थर पर हमारे नाम चिट्ठी

भोपाल निवासी साहित्यकार विवेक रंजन श्रीवास्तव इन दिनों लंदन प्रवास पर हैं। नियमित लेखन के अभ्यास व स्वभाव के चलते वह उन विचारों/अनुभवों/दृश्यों आदि को दर्ज कर रहे हैं,...

गांधी की लंदन यात्राएँ

भोपाल निवासी साहित्यकार विवेक रंजन श्रीवास्तव इन दिनों लंदन प्रवास पर हैं। नियमित लेखन के अभ्यास व स्वभाव के चलते वह उन विचारों/अनुभवों/दृश्यों आदि को दर्ज कर रहे हैं,...

सिकंदर का देश-2

पाक्षिक ब्लॉग रति सक्सेना की कलम से….. सिकंदर का देश-2 आज के दिन हम लोग नाश्ते के बाद फिर नदी के किनारे चल दिये, आज पुनः मेसीडोनिया के कवियों...

दानुबे नदी किनारे बसी संस्कृति विएना

पाक्षिक ब्लॉग रति सक्सेना की कलम से….. दानुबे नदी किनारे बसी संस्कृति विएना            रोम से विएना की दूरी कम नहीं है, लेकिन ट्रेन से...

रोम बस रोम है…

पाक्षिक ब्लॉग रति सक्सेना की कलम से….. रोम बस रोम है…      इतिहास रोमन संस्कृति के बारे में जिस तरह से चीख-चीखकर कहता है, रोम अनजाने में हमारे...

बाज़ारों से पहाड़ों तक ‘बर्गन’ के रंग

पाक्षिक ब्लॉग रति सक्सेना की कलम से…. बाज़ारों से पहाड़ों तक ‘बर्गन’ के रंग            बर्गन, नॉर्वे के दक्षिण में बसा छोटा-सा प्रान्त है। ओदवे...

कविता, कला, प्रकृति… नॉर्वे का स्त्वांगर

पाक्षिक ब्लॉग रति सक्सेना की कलम से…. कविता, कला, प्रकृति… नॉर्वे का स्त्वांगर               आसमान विशाल है, हम पढ़ते-सुनते हैं। आसमान विशाल है,...

सड़कों पर सोते लोग, क्या प्रश्न सिर्फ़ अमेरिका का है?

विवेक रंजन श्रीवास्तव नवंबर से अमेरिका प्रवास पर हैं और अन्य देशों की यात्राओं पर भी जाने वाले हैं। इस दौरान वह रोज़ाना शब्दों को समय दे रहे हैं।...
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