प्रो. संजय द्विवेदी की कलम से…. जनसंचार शिक्षा के सामने चुनौतियां शिक्षा का मूल उद्देश्य व्यक्ति को आत्मनिर्भर, संवेदनशील और मूल्यनिष्ठ नागरिक बनाना है।...
पाक्षिक ब्लॉग आशीष दशोत्तर की कलम से…. ‘दुनिया मुट्ठी में’ या मुट्ठी से फिसलती दुनिया? इंसानी ज़िंदगी में बहुत ज़्यादा तब्दीलियां हो चुकी हैं। किसी वक़्त जब टेलीविज़न आया...
पाक्षिक ब्लॉग डॉ. आज़म की कलम से…. हास्य-व्यंग्य का शाहकार इब्न-ए-इंशा की यह किताब “उनकी प्रवाहमयी गद्य शैली ने अनगिनत सुंदर, लेकिन अब अप्रचलित और भुला दिये गये शब्दों...